मुक्केबाज़ी
श्रेणी बदलती है, नौकरी बदलती है: भारतीय मुक्केबाज़ी का असली ट्रांसफर विंडो
मुक्केबाज़ी लॉस एंजिल्स 2028 में लौटी, पर भारत का असली बजट अब भी भर्ती सूची में है
तराज़ू की सियासत: भारतीय मुक्केबाज़ी का पदक पाँच किलो में तय होता है
शून्य का फ़्रेम: पेरिस से लॉस एंजिलिस तक भारतीय मुक्केबाज़ी का क्वालिफ़िकेशन ऑडिट
48 किलो का जाल: भारत वहाँ स्वर्ण जीतता है, ओलंपिक वहाँ वर्ग ही नहीं चलाता
शून्य का फ़्रेम: पेरिस से लॉस एंजिलिस तक भारतीय मुक्केबाज़ी का क्वालिफ़िकेशन ऑडिटहुक पेरिस के नॉर्थ एरिना में चार अगस्त 2026 की रात 71 किलो क्वार्टरफ़ाइनल ख़त...
48 किलो का जाल: भारत वहाँ स्वर्ण जीतता है, ओलंपिक वहाँ वर्ग ही नहीं चलाताअगस्त 2026 में बर्मिंघम के रिंग में नितु घंघास ने 48 किग्रा का फाइनल जीता। सा...
श्रेणी बदलती है, नौकरी बदलती है: भारतीय मुक्केबाज़ी का असली ट्रांसफर विंडोपटियाला के राष्ट्रीय शिविर की इंटेक लिस्ट दो कॉलम में आती है — एक में नाम,...
मुक्केबाज़ी लॉस एंजिल्स 2028 में लौटी, पर भारत का असली बजट अब भी भर्ती सूची में हैपेरिस 2026 की मुक्केबाज़ी में तेरह भार वर्ग थे, 248 मुक्केबाज़ रिंग में उतरे ...
किलोग्राम की राजनीति: पेरिस में भारतीय मुक्केबाज़ी का शून्य टैलेंट की कमी नहीं, कैलेंडर की हार थीपेरिस के नॉर्थ एरिना में जिस शाम लवलीना बोरगोहाईं 75 किग्रा के क्वार्टरफाइनल ...
पटियाला का कैंप, किलोग्राम का हिसाब और कार्ड की खाली जगहेंपटियाला कैंप की सुबह की शीट पर दो कॉलम सबसे ज़्यादा बोलते हैं — नाम और वज़न।...
तराज़ू की सियासत: भारतीय मुक्केबाज़ी का पदक पाँच किलो में तय होता हैपेरिस, 3 और 4 अगस्त 2026। लगातार दो रातें, दो क्वार्टरफ़ाइनल, और दोनों का अंत...
